सांकेतिक रूप में आयोजित हुआ देवीधूरा का बग्वाल पाषाण युद्ध

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चम्पावत जनपद के देवीधुरा में आयोजित होने वाली विश्व प्रसिद्ध बग्वाल आखिरकार सांकेतिक रूप में आयोजित हुई। देवीधूरा के खोलीखांड दूबाचौड़ मैदान में आयोजित होने वाली बग्वाल इस वर्ष लगभग 6 मिनट तक चली। चारों खामों के प्रतिनिधि दो समूहों में विभक्त होकर मां के जयकारों के साथ बग्वाल खेलने लगे। शुरू में फलों के साथ चल रही बग्वाल पाषाण में तब्दील हो गई। 11:30 बजे शुरू हुई बग्वाल लगभग 11:36 तक चली। और रणबांकुरों के बीच फलों के साथ ही पत्थर युद्ध हुआ।

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देवीधूरा स्थित मां वाराही देवी मंदिर में प्रतिवर्ष रक्षाबंधन के रोज बग्वाल मेले का आयोजन होता है। इस वर्ष कोरोना के कारण मेला भव्य रूप में नहीं मनाया जा सका। लेकिन बग्वाल की परंपरा आखिरकार नहीं टूट पाई और सांकेतिक रूप में फल-फूलों के साथ ही पत्थरों की वर्षा हुई।

news sorce // pankaj bohra

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